Hydrophobinum (Lyssinum) होम्योपैथिक दवा: लक्षण, फायदे और उपयोग (Materia Medica)
जानिए Hydrophobinum (Lyssinum) होम्योपैथिक दवा की पूरी जानकारी। पानी से डर (hydrophobia), नर्वस सिस्टम की अतिसंवेदनशीलता (hyperesthesia) और मानसिक लक्षणों में इस दवा के बेहतरीन फायदे और उपयोग।

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परामर्श शुरू करेंHydrophobinum, जिसे मॉडर्न होम्योपैथी में अक्सर Lyssinum भी कहा जाता है, एक nosode है जिसे पागल कुत्ते (rabid dog) की potentized लार (saliva) से बनाया जाता है। होम्योपैथिक तरीके (serial dilution और succussion) के इस्तेमाल से, ओरिजिनल पदार्थ को पूरी तरह से सुरक्षित और non-toxic बना दिया जाता है, जिससे यह "like cures like" के सिद्धांत पर काम करने वाली एक deep-acting एनर्जी मेडिसिन बन जाती है।
इस दवा का मेन फोकस नर्वस सिस्टम की extreme hyperesthesia (अतिसंवेदनशीलता) है—जहां हर फिजिकल और इमोशनल सेंसेशन बहुत ज्यादा बढ़ जाती है और दर्दनाक हो जाती है। इसका मुख्य असर medulla oblongata और sympathetic nervous system पर होता है, जिससे गले और रेस्पिरेटरी ट्रैक्ट (respiratory tract) में तेज spasms (ऐंठन) पैदा होते हैं।
मेंटल और इमोशनल लक्षण (Mental and Emotional Picture)
Hydrophobinum के मरीज में कई तरह के मेंटल डिस्टर्बेंस (मानसिक विकार) देखने को मिलते हैं। सबसे खास बात है बहुत ज्यादा चिड़चिड़ापन (irritability), जो बहुत जल्दी बढ़ सकता है; अक्सर मरीज में एक खतरनाक और हिंसक गुस्सा (violent temper) पैदा हो जाता है। आप देखेंगे कि मरीज बात-बात पर rude और abusive (गाली-गलौज करने वाला) हो जाता है, यहाँ तक कि आस-पास के लोगों को काटने और पीटने की अचानक इच्छा भी हो सकती है। उनके बोलने का तरीका बहुत तेज, जल्दबाजी भरा और impatience (अधैर्य) से भरा होता है।
प्रेगनेंसी के दौरान, जिन महिलाओं को इस दवा की जरूरत होती है, उनके मन में अजीब से खयाल और अनजाने डर (dark apprehensions) आते रहते हैं। इसके अलावा, मरीज clairaudient (सामान्य से परे आवाजें सुनना) या clairvoyant (भविष्य का आभास होना) महसूस कर सकता है।
सबसे खास लक्षण: लिक्विड्स से डर (Aversion to Fluids)
Hydrophobinum का सबसे हैरान करने वाला लक्षण है पानी या किसी भी फ्लूइड (fluid) के प्रति बहुत ज्यादा सेंसिटिविटी। मरीज को बहुत प्यास लगती है, लेकिन गले की ऐंठन की वजह से वह कुछ भी निगल (swallow) नहीं पाता है। किसी भी तरह के लिक्विड या यहाँ तक कि खून (blood) के बारे में सोचने से ही उसे घबराहट या convulsions (दौरे) पड़ने लगते हैं। सिर्फ पानी का खयाल आना ही तकलीफ को बढ़ाने (aggravation) के लिए काफी है।
बहते हुए पानी की आवाज, या पानी की चमकती सतह देखने से ही शरीर में तेज रिएक्शन होते हैं। उदाहरण के लिए, पेचिश (dysentery) के ऐसे केस देखे गए हैं जहाँ सिर्फ नल से गिरते पानी की आवाज सुनकर ही मरीज को तेज दर्द और tenesmus (मरोड़) होने लगती है।
बहुत ज्यादा सेंसिटिविटी (Extreme Hyperesthesia)
मरीज का sensory nervous system बहुत ज्यादा ओवरएक्टिव (overactive) होता है। मरीज हवा के एक झोंके या हल्की सी ड्राफ्ट (draught) के प्रति भी बहुत सेंसिटिव होता है; यहाँ तक कि नॉर्मल टेम्परेचर वाली हवा भी उसे चुभने वाली ठंडी लगती है। नमी वाली गर्म हवा (Damp, warm air) में उन्हें बहुत घुटन महसूस होती है।
वे चमकदार चीजों (bright objects) के प्रति भी उतने ही सेंसिटिव होते हैं। किसी चमकदार चीज को देखने या थोड़ी सी भी धूल उड़ने से उन्हें बार-बार छींकें आने लगती हैं (खासकर सुबह जल्दी या देर शाम), जैसे कि उन्हें सर्दी-जुकाम (coryza) शुरू होने वाला हो। छींकते समय मरीज झटके से अपना सिर पीछे की तरफ फेंकता है। सूरज की गर्मी उनके लिए बिल्कुल बर्दाश्त के बाहर होती है और उनकी तकलीफ को बहुत ज्यादा बढ़ा देती है। इसके अलावा, वे हल्के से टच (touch) और अपनी पोजीशन बदलने के प्रति भी बहुत ज्यादा सेंसिटिव होते हैं।
कुछ खास फिजिकल लक्षण (Specific Physical Symptoms)
मुँह और गला (Mouth and Throat): एक मुख्य लक्षण है मुँह में बहुत ज्यादा गाढ़ी और चिपचिपी लार (viscid saliva) का बनना।
सांस (Respiration): मरीज अक्सर गहरी आहें भरता है और उसकी सांस लेने की प्रक्रिया आहें भरने (sighing) जैसी भारी होती है।
फीमेल रिप्रोडक्टिव ऑर्गन (Female Reproductive Organs): महिलाओं को अपने गर्भाशय (womb) का हर वक्त एक अजीब सा अहसास (consciousness) रहता है। लक्षणों में सेक्सुअल ऑर्गन्स में तेज इरिटेशन, पीठ दर्द के साथ severe leucorrhœa (सफेद पानी की शिकायत), और prolapsus uteri (यूट्रस का अपनी जगह से खिसकना) शामिल हैं।
Modalities (तकलीफ कब बढ़ती है और कब घटती है)
तकलीफ बढ़ती है (< Worse From):
नीचे झुकने (stooping) और किसी भी तरह के मोशन (हिलने-डुलने) से।
पोजीशन बदलने से।
हल्के से टच से।
गाड़ी की सवारी (riding in a carriage) करने से।
सूरज की धूप या गर्मी से।
हवा के हल्के झोंके या नमी वाली गर्म हवा से।
बहते हुए पानी या चमकदार चीजों को देखने, सुनने या उनके बारे में सोचने से।
तकलीफ घटती है (> Better From):
सिर को पीछे की तरफ मोड़ने से (इससे गर्दन के दर्द में आराम मिलता है)।
ठंडी हवा से (सिरदर्द में आराम मिलता है)।
टर्किश बाथ (Turkish bath) लेने से।
काटे गए स्थान पर गर्म भाप (hot steam) देने से (इससे जलन और दर्द में आराम मिलता है)।
क्लीनिकल इंडिकेशन्स (किन बीमारियों में काम आती है)
Hydrophobinum कई तरह की पैथोलॉजिकल कंडीशन में बहुत असरदार है, जैसे: Hydrophobia (पानी से डर) और Lyssophobia (रेबीज होने का डर), मेनिया (Mania), दौरे (Convulsions), टिटनेस (Tetanus), जनरल नर्वसनेस, और अतिसंवेदनशीलता (Hypersensitiveness)। न्यूरोलॉजिकल प्रॉब्लम्स इसमें बहुत अच्छे से रिस्पॉन्ड करती हैं, जैसे- Sciatica (सायटिका), Neuralgia, Landry's paralysis, Ascending paralysis (नीचे से ऊपर बढ़ने वाला लकवा), रेस्पिरेटरी पैरालिसिस, और जनरल पैरालिसिस।
यह रिप्रोडक्टिव समस्याओं के लिए भी फायदेमंद है, जैसे- Vaginismus, यूट्रस का प्रोलैप्स, Leucorrhœa, Satyriasis (बहुत ज्यादा सेक्सुअल एक्साइटमेंट), और प्रेगनेंसी की खास समस्याओं (दौरे और दांत दर्द) में। गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल डिसऑर्डर जैसे डायरिया (Diarrhœa), पेचिश (Dysentery), और œsophagus (भोजन नली) की सिकुड़न भी इसमें कवर होती है। अन्य अलग-अलग बीमारियों में बुखार, लू लगना (Sunstroke), Bubo (सूजी हुई लिम्फ नोड्स), बहुत ज्यादा लार आना (Salivation), अल्सर, गोखरू (Corns) का दर्द, बालों का तैलीय (oily) होना, और ऐसे घाव जो बहुत जल्दी भर रहे हों, शामिल हैं।
कम्पैरेटिव Materia Medica (दूसरी दवाओं से तुलना)
दूसरी दवाओं से फर्क समझने के लिए इन क्लीनिकल तुलनाओं पर ध्यान दें:
Lachesis: Hydrophobinum की तरह, Lachesis में भी धूप से तकलीफ बढ़ती है, घावों का रंग नीला (bluish) पड़ जाता है, चिड़चिड़ापन होता है, और गर्म/नम हवा व टच और प्रेशर से तकलीफ बढ़ती है। लेकिन, Hydrophobinum के लक्षणों का धीरे-धीरे (late evolution) डेवेलोप होना, साँप के जहर (snake-venom) की बिजली जैसी तेज रफ्तार से बिल्कुल अलग है।
Ascending paralysis (नीचे से ऊपर बढ़ता लकवा): तुलना करें Gelsemium और Conium से।
Respiratory paralysis: तुलना करें Solania, Belladonna, और Dulcamara से।
Sexual excitement: तुलना करें Cantharis, Picric acid, और Graphites से।
धूप बर्दाश्त न होना (Intolerance of sun): तुलना करें Gelsemium, Glonoinum, Natrum muriaticum, Lachesis, और Apis से।
गाड़ी की सवारी से तकलीफ (Effects of carriage-riding): तुलना करें Cocculus से।
बहते पानी को देखकर यूरिन पास करने की इच्छा: तुलना करें Cantharis और Sulphur से।
चमकती रोशनी से दौरे पड़ना: तुलना करें Stramonium से।
यूट्रस का हमेशा अहसास रहना (Consciousness of womb): तुलना करें Helonias से।
गाढ़ी और चिपचिपी लार (Viscid saliva): तुलना करें Epiphegus और Hydrastis से।
जल्दबाजी में बोलना (Hurried speech): तुलना करें Hyoscyamus से।
ठंडक (Coldness): तुलना करें Heloderma से।
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